उम्म़ीदों से भरी थ़ी वो 67 जोड़ी आंखें, चेहरों पे अजब स़ी घबराहट और खुश़ी का मिला-जुला सा रंग था। लाख हिदायतों के बावजूद कुछ अल्हड अकेले चले आए थे, तो कुछ माता-पिता, बडे भाई-बहन के साथ तो कुछेक गुरुजनों को राज़ी कर लाए थे संग। युवाओं का ये एकत्र नई बात न थ़ी दिल्ली के लिए, मगर कुछ लोगों के ज़ीवन में नए मोड, नई उमंगो, सपनों को पूरा करने की खुश़ी स़ी बंसत का एकत्र था ये। 11 फरवरी 2017 दिल्ली की बंसत में कुछ युवा गुनगुऩी स़ी उम्म़ीदें लिए मारूबेऩी स्कॉलरशिप पाने के आखिरी पडाव यानि फेस-टू-फेस इंटरव्यू के लिए पहुंचे थे।

जापाऩी और भारत़ीयों का मिला-जुला पैनल जो भारत के मेधाव़ी और आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों से रूबरू होने के लिए बेकरार था। विद्यार्थियों में उत्सुकता थ़ी अपने संघर्ष और उत्साह की कहाऩी बयां करने की तो पैनल जानना चाहता था कि जिन के सपनों को वो उडान देने जा रहे हैं वो कितने खरे हैं, कितने सच्चे हैं, कितने ज्ञान के मालिक हैं और भविष्य को लेकर कितने द्रढ़ हैं, कितने आशावान हैं। कुछ ऐसे ही पैमानों पर विद्यार्थियों की पैमाइश के बाद दिल्ली में पहुंचे हरयाणा, यूप़ी, पंजाब, मध्य प्रदेश के 67 बच्चों में से 44 विद्याथी चयनित हुए।
वहीं देश के दूसरे प्रदेशों में चल रहे साक्षात्कार में 56 विद्यार्थियों का चुनाव हुआ। ये वो 100 मेधाव़ी विद्याथी थे जो जानते थे, जिन्होंने तय कर रखा था कि वो कमजोर आर्थिक स्थिति को दरकिनार कर हर कीमत पर अपने उच्च शिक्षा के सपने को साकार करने को हर संभव कोशिश, हर तय मानदंड पर खरे उतरेंगे। कहते हैं न “जहां चाह वहां राह” इन 100 विद्यार्थियों के सपनों को उडान देने का वादा मारूबेऩी इंडीया ने भ़ी पूरा किया और सभ़ी विद्यार्थियों को चालीस-चालीस हजार का चेक दिल्ली के शिक्षा मंत्री श्री मनीष सिसोदिया के हाथों मिला। इन सभ़ी विद्यार्थियों व उनके साथ आए उनके अभिभावकों के आने-जाने का यात्रा खर्च भ़ी मारूबेऩी ने वहन किया।
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एक बार फिर मारूबेऩी लेकर आया है 100 विद्यार्थियों के सपनों को उडान देने, हां इस बार मानदंड में एक फेर-बदल किया गया है। पूरे देश की बजाए केवल पंजाब में पढ़ने वाले विद्याथी इस स्कॉलरशिप के लिए आवेदन के पात्र होंगे। हालांकि आप देश के किसी भी प्रदेश के मूल निवास़ी हो सकते हैं बस आप 12व़ीं में 75 फीसदी या इससे अधिक अंकों से पास होने के बाद वर्तमान में ग्रेजुएशन स्तर पर किसी भ़ी प्रोफेशनल डिग्री, टेक्ऩीकल कोर्स आदि के प्रथम वर्ग के विद्याथी हों व कोई दूसरी 6000 रुपये से अधिक कि स्कॉलरशिप प्राप्त न कर रहे हों। आपके पास भ़ी है इसमें आवेदन का अवसर, इसके लिए 13 जनवरी 2018 से पहले यहां http://www.b4s.in/MT/MIM2 क्लिक करें।

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